
सूरजपुर, छत्तीसगढ़।
बेमौसम बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। खेतों में तैयार हो रही धान की फसल पर बारिश का असर पड़ रहा है। कई जगहों पर धान की बालियां पकने की स्थिति में हैं, ऐसे में लगातार नमी और बारिश से फसल की गुणवत्ता प्रभावित होने तथा नुकसान की आशंका बनी हुई है।
छत्तीसगढ़ में 15 नवंबर 2026 से धान खरीदी शुरू होने वाली है। ऐसे में किसानों को चिंता सता रही है कि यदि मौसम इसी तरह खराब रहा, तो खरीदी शुरू होने तक उनकी उपज की गुणवत्ता पर असर पड़ सकता है।
किसानों की मांग है कि प्रशासन फसलों की स्थिति पर नजर रखे और जरूरत पड़ने पर प्रभावित क्षेत्रों में नुकसान का आकलन कराया जाए। साथ ही धान खरीदी केंद्रों पर नमी परीक्षण, उपज की गुणवत्ता जांच और खरीदी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि किसानों को अपनी मेहनत की उपज बेचने में परेशानी न हो।
अब सवाल यह है कि बेमौसम बारिश से प्रभावित किसानों को राहत दिलाने के लिए प्रशासन क्या कदम उठाता है